Skip to main content
पखांजूर से नितीश मल्लिक की रिपोर्ट - रुबर्न कलस्टर योजना के अंतर्गत बन रहे ग्राम पंचायत बापूनगर में 93000 हजार रु की लगत से शौचालय निर्माण में उपयंत्री की भ्रष्ट्चारिता चरम सीमा पर ! स्थानीय ग्रामीण स्वपन सरकार,किसोरी सरकार,निर्मल,संजय मंडल,फनी सरकार ने बतलाया लगभग एक लाख रुपया की लागत से बन रहे शौचालय मात्र 25-30 हजार में बन के तैयार हो जाएगी ! शौचालय बिना भीम और कलम का खड़ा किया गया हैं शौचालय की पिछली दिवार स्कुल बाउंड्रीवाल से जोड़कर खड़ा किया गया हैं जो कभी भी गिर सकता हैं ग्रामीणों ने उपयंत्री को दोषी ठहराते हुए कहा की उपयंत्री और सरपंच बच्चो के जिंदगी से खिलवाड़ कर रही हैं बिना कलम के छत कभी भी ढह सकती हैं और बड़ी घटना घट सकता हैं इस तरह उपयंत्री को भ्रष्टाचार कर शासन द्वारा खुली छुट देना उनके हौसले को बुलंद करता हैं छोटे-छोटे बच्चो के जिंदगी खतरों में डाल कर यह अपना जेब गर्म करने में तुले हैं

इस संम्बंध में उपयंत्री मुकेश यादव ने बतलाया स्टीमेट में स्कुल बाउंड्रीवाल के उप्पर शौचालय निर्माण करना नहीं दर्शाया वहा जगह कम थी इस लिए ऐसा काम करना पड़ा ! 
 

Comments

Popular posts from this blog

पखांजूर   -- परलकोट के सबसे पुराने और ऐतिहासिक सीतराम मेला में शामिल हुए कमांडेंट मोहिन्दर लाल।प्रति वर्ष की भांति इस वर्ष भी 24 मार्च को आंरभ हुआ।क्षेत्रवाशियो में खुशी की लहर। ग्रामीणों द्वारा बीएसएफ को आमंत्रित किया गया आमंत्रण को शिकार  करते हुए श्री मोहिन्दर  लाल कमांडेंट 121वी वाहिनी सुरक्षा बल अपनी जवानों के साथ बांदे से लगभग 30 किलोमीटर दूर कोटरी नदी को पार करते हुए  बिना किसी डर व खौप के परलकोट मेला में पहुंचे सीमा सुरक्षा बल को देख कर ग्रामीणों में उत्साह का माहौल बन गया सीमा सुरक्षा बल के कमांडेंट महिंद्र मोहिन्दर लाल ने पलकोट मंदिर में नारियल चढ़ाकर पूजा अर्चना की साथ ही 11000 रु का दान भी किया।साथ ही मंदिर में उपयोग सामान, चटाई,सोलर लाइट, तथा ग्रामीणों जरूरत के हिसाब से  ग्रामीण को समान भी वितरण किया । परलकोट मेला का इतिहास या परलकोट विद्रोह 1825 1774 के हलबा विद्रोह को मिलकर समाप्त करने के बाद मराठी दीवानों और अंग्रेजों ने बस्तर के भूमि पर अपने अधिकार के झंडे पूर्णतः गाड़ दिए। और इस विजय का जश्न, वो वहाँ के भोले भाले आदिवासियों पर ज़ुल्म, ...
विकास का वास्तविक हाल बया करता,संसद आदर्श ग्राम शांति पारा से न्यू कालोनी पहुच मार्ग।। पखांजूर से बिप्लव कुंडू की रिपोर्ट-  विकास की वास्तविक आंकलन करना है तो ग्रामीण अंचलो में जाने से ही विकास की जमीनी हकीकत से रूबरू हो जाएंगे।संसद विक्रम सिंह उसेन्डी द्वारा विकास की नई परिकल्पना के साथ ग्राम पंचायत छोटे कापसी को गोद लिया गया,जहा पंचायत प्रतिनिधि के द्वारा विकास की झूठी आकड़े पेश कर,शासन से वाहवाही बटोरा जा रहा।छोटे कापसी ग्राम पंचायत को आदर्श रूप में परिणित करने का जो सपना सँजोया गया,जो विकास की राह में कोशो दूर है।  इन्ही पंचायतो में व्यापक पैमाने पर जिस प्रकार का अनियमिता हो रहे है,तो जरा सोचिए अंदुरुनी क्षेत्रो के पंचायतो में विकास किस हद तक हुआ होगा,क्योंकि विकास तो फाइलों में सिमट कर रह गया।विदित हो छोटे कापसी ग्राम पंचायत आदर्श ग्राम के साथ ही रुर्वन क्लस्टर पंचायत का दर्जा हासिल किया है,जिसके तहत स्थानीय लोगो को डिजिटल शहरों की भांति ही सर्व सुविधा उपलब्ध कराना है।लेकिन पंचायत के उदाशीन रवैये के कारण,आम लोग योजनाओ से वंचित रह गए।शिव शक्ति युवा सामाजिक संगठन के अ...
बांदे -  भोजन पानी की तलास में भटकते हुए गाँव पहुंचे हिरण को आवारा कुत्तों ने हमला कर दिया है | ज्ञात हो की पी.व्ही.18 मायापुर गांव के पास आवारा कुत्तों ने जंगल से भटकते हुए गाँव पर पहुंचे एक गर्भवती हिरण पर हमला कर दिया। जिससे हिरण गंभीर रूप से घायल हो गया  और ग्रामीणों ने किसी तरह हिरण को आवारा कुत्तों से छुड़ाया, लेकिन तब तक हिरण गंभीर रूप से घायल हो चुका था। ग्रामीणों ने इसकी सूचना वन विभाग की टीम को दी | वहीँ वन विभाग ने ग्रामीणों की सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुँच घायल हिरण को पखांजूर अस्पताल लाया गया । जहाँ पर घायल हिरण का इलाज के दौराण मृत्यु हो गई स्थानीय ग्रामीणों ने वन विभाग पे आरोप लगाते हुए कहा सुबह लगभग 8 बजे गर्भवती हिरण को आवारा कुत्ते के कटते ही सुचना दी गई मगर विभागीय अधिकारी-कर्मचारी 11 बजे पहुचे घायल हिरण इतनी देर तडपता रहा अगर समय पे हिरण की ईलाज की जाती तो उसकी जान बचाई जा सकती थी बांदे से रविन मंडल की रिपोर्ट